मोदी कैबिनेट ने दी अप्रासंगिक हो चुके 58 पुराने कानूनों को खत्म करने के लिए विधेयक को मंजूरी////राजस्थान: कैग रिपोर्ट में सामने आया चौंकाने वाला सच, प्रत्येक व्यक्ति पर 40 हजार रुपये का कर्ज////संसद के भीतर इस बार बदला-बदला है माहौल, जानें कैसे बदली लोकसभा की कार्यप्रणाली?///HM: Illegal residents will be deported according to international laws//Committee on Protection of Resident doctors///Raksha Mantri Reviews Progress of Two Defence Industrial Corridors///सरकार किसानों के लिए फसल बीमा योजना को और फायदेमंद व उपयोगी बना रही-नरेंद्र सिंह तोमर ////कुलभूषण जाधव को तुरंत कॉन्सुलर एक्सेस उपलब्ध कराए पाकिस्तान: विदेश मंत्रालय///राज्यसभा के दो और सांसद छोड़ सकते हैं सपा का साथ, भाजपा नेतृत्व से हो चुकी है कई बार बातचीत////मोदी सरकार ने दी इलाहाबाद-मुगलसराय के बीच तीसरी रेललाइन के निर्माण को मंजूरी///ICJ directs Pakistan to review Kulbhushan Jadhav's death sentence///
Home | Latest Articles | Latest Interviews |  Past Days News  | About Us | Our Group | Contact Us
भ्रष्ट अफसरों पर और नकेल कसेगी
भ्रष्ट अफसरों पर और नकेल कसेगी सरकार, सबूत मिलने पर होगी कार्रवाई


अफसर और कर्मचारी अगर भ्रष्टाचार में लिप्त पाए जाते हैं और उनके खिलाफ सबूत मिलते हैं तो सरकार ऐसे कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई कर सकेगी। एक सवाल के जवाब में केंद्रीय गृह राज्यमंत्री जितेंद्र सिंह ने बुधवार को लोकसभा में बताया कि सरकार के पास ऐसे भ्रष्ट अफसरों और कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई करने का अधिकार है।

उन्होंने बताया कि निष्ठा के अभाव और अक्षमता के आधार पर सरकार ऐसे भ्रष्ट सरकारी कर्मियों को समय से पहले ही सेवानिवृत्त कर सकती है। वह द्रमुक सांसद ए राजा के सवाल का जवाब दे रहे थे। जितेंद्र सिंह ने जानकारी दी कि जुलाई 2014 से लेकर मई 2019 तक ग्रुप एक कुल 36,756 और ग्रुप बी के 82,654 अफसरों के कामकाज की समीक्षा की गई।

बीते माह ही सरकार ने 15 वरिष्ठ कस्टम अधिकारियों को तत्काल प्रभाव से जबरन सेवानिवृत्त कर दिया था, इनमें से एक प्रधान आयुक्त और चार आयुक्त थे। इसके अलावा 12 वरिष्ठ आयकर अधिकारियों को भ्रष्टाचार के आरोप और यौन शोषण के आरोपों में अनिवार्य सेवानिवृत्ति दे दी गई थी।

उल्लेखनीय है कि पिछले हफ्ते ही उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार ने 400 से ज्यादा भ्रष्ट कर्मचारियों को दंडित करने की चेतावनी दी थी और करीब 200 कर्मचारियों को पहले ही सेवानिवृत्त करने का फैसला लिया था।

312 भ्रष्ट और अक्षम कर्मियों को सेवानिवृत्ति
केंद्र सरकार ने अक्षम और भ्रष्टाचार में लिप्त रहे 312 कर्मचारियों को जनहित में सेवानिवृत्ति दे दी। लोकसभा में बुधवार को कार्मिक राज्यमंत्री जितेंद्र सिंह एक लिखित जवाब में बताया कि एफआर 56 (जे) के प्रावधानों के तहत ग्रुप ए के 125 और ग्रुप बी के 187 अफसरों के खिलाफ यह कार्रवाई की गई।(UPDATED ON JULY 10TH, 2019)

======